*बच्चे के माथे पर लगी चोट को ठीक करने के नाम पर डॉक्टर ने घाव को जोड़ दिया फेवीक्विक से, 3 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद फेवीक्विक हटाकर लगाए गए टांके*
*बच्चे के माथे पर लगी चोट को ठीक करने के नाम पर डॉक्टर ने घाव को जोड़ दिया फेवीक्विक से, 3 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद फेवीक्विक हटाकर लगाए गए टांके*


इलाज के नाम पर ढाई साल के बच्चे की चोट को ठीक करने के लिए डॉक्टर ने घाव पर ही लगा दी फेविक्विक, जो के सीधा-सीधा लापरवाही कहो या इलाज के नाम पर किया गया एक भद्दा मजाक, इस लापरवाही से बच्चे को काफी पीड़ा हुई
जिस कारण बाद में उसे दूसरे डॉक्टर के ले जाकर उसका इलाज कराया
मेरठ में ढाई साल के बच्चे की चोट के इलाज का हैरान करने वाला मामला सामने आया है, जहां एक डॉक्टर ने टांके लगाने के बजाय घाव पर फेविक्विक लगा दी. दर्द बढ़ने पर परिजन बच्चे को दूसरे अस्पताल ले गए, जहां तीन घंटे की मशक्कत के बाद फेविक्विक हटाकर टांके लगाए गए. परिजनों ने सीएमओ से शिकायत की है. स्वास्थ्य विभाग ने मामले की जांच के लिए कमेटी बना दी है
सीएमओ से हुई शिकायत
घटना से आक्रोशित परिजनों ने मेरठ के चीफ मेडिकल ऑफिसर (CMO) डॉ. अशोक कटारिया से शिकायत की. डॉ. कटारिया ने बताया कि मामला संज्ञान में लिया गया है और जांच के लिए एक समिति बनाई गई है. उन्होंने कहा कि “शिकायत मिल गई है. जांच समिति पूरे मामले की जांच कर रही है. रिपोर्ट आने के बाद जो तथ्य सामने आएंगे, उसके अनुसार कार्रवाई की जाएगी.” बच्चे की मां इरविन कौर ने भी डॉक्टर की लापरवाही पर गुस्सा जताते हुए कहा कि उनके बेटे की जान जोखिम में पड़ सकती थी, अब देखना होगा आरोपी डॉक्टर के खिलाफ क्या कार्यवाही होती है,सभी चाहते हैं कि कार्यवाही ऐसी होनी चाहिए जिससे परिजनों के साथ-साथ आम जन भी संतुष्ट हो
