मुजफ्फरनगर के ट्रांसपोर्टरों की समस्याओं पर राज्य मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी को लिखा पत्र
मुजफ्फरनगर के ट्रांसपोर्टरों की समस्याओं पर राज्य मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी को लिखा पत्र

मुजफ्फरनगर
दिनांक: 05 फरवरी 2026
उत्तर प्रदेश सरकार में राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) व्यावसायिक शिक्षा, कौशल विकास एवं उद्यमशीलता विभाग, कपिल देव अग्रवाल ने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी को पत्र प्रेषित कर जनपद मुजफ्फरनगर के व्यावसायिक वाहन स्वामियों, ट्रांसपोर्ट व्यवसायियों एवं ई-रिक्शा संचालकों की गंभीर समस्याओं की ओर उनका ध्यान आकृष्ट कराया है।
मंत्री कपिल देव ने अपने पत्र में कहा कि भारत सरकार के निर्देशानुसार मुजफ्फरनगर में व्यावसायिक वाहनों की मैनुअल फिटनेस जांच व्यवस्था समाप्त कर वाहनों को बिजनौर व अन्य राज्यों (हरिद्वार, उत्तराखंड) स्थित स्वचालित परीक्षण केंद्रों (ATS) पर भेजे जाने का निर्णय लिया गया है। इस निर्णय से स्थानीय ट्रांसपोर्ट उद्योग, बस एवं ट्रक ऑपरेटरों, लघु व्यावसायिक वाहन स्वामियों तथा ई-रिक्शा चालकों में गहरी चिंता और रोष व्याप्त है।
उन्होंने इस निर्णय से उत्पन्न हो रही प्रमुख व्यावहारिक कठिनाइयों को रेखांकित करते हुए अवगत कराया कि—
• अन्य जनपदों/राज्यों में फिटनेस हेतु जाने से डीजल, टोल टैक्स व अन्य मदों में अत्यधिक आर्थिक बोझ पड़ेगा।
• लंबी दूरी तय करने व परीक्षण केंद्रों पर प्रतीक्षा के कारण व्यवसायिक कार्यदिवसों का भारी नुकसान होगा।
• जनपद में पंजीकृत लगभग 15,000 से अधिक ई-रिक्शा इतनी लंबी दूरी तय करने में सक्षम नहीं हैं, जिससे आजीविका पर संकट उत्पन्न होगा तथा सड़क सुरक्षा जोखिम भी बढ़ेगा।
• परीक्षण में कमी पाए जाने पर वाहनों को पुनः ले जाना-लाना अत्यंत जटिल, समयसाध्य व खर्चीला सिद्ध होगा।
मंत्री कपिल देव ने केंद्रीय मंत्री से आग्रह किया कि जनहित, रोजगार संरक्षण तथा स्थानीय व्यापारिक संतुलन को दृष्टिगत रखते हुए मुजफ्फरनगर में स्वचालित परीक्षण केंद्र (ATS) स्थापित होने तक पूर्ववत सहायक संभागीय परिवहन कार्यालय (ARTO), मुजफ्फरनगर में मैनुअल फिटनेस जांच व्यवस्था को जारी रखने के निर्देश प्रदान किए जाएँ।
उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि केंद्र सरकार इस महत्वपूर्ण जनसमस्या पर संवेदनशीलतापूर्वक विचार कर शीघ्र सकारात्मक निर्णय लेगी।
